उत्तर प्रदेश बजट 2026-27 में गोरखपुर को टेक्सटाइल हब बनाने का बड़ा कदम
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उत्तर प्रदेश सरकार ने बजट 2026-27 में टेक्सटाइल और हथकरघा क्षेत्र को विस्तारित सहायता देने का ऐलान किया है, जिसमें टेक्सटाइल सेक्टर के लिए कुल ₹5,041 करोड़ का प्राविधान प्रस्तावित किया गया है — पिछले वर्ष की तुलना में लगभग पांच गुना वृद्धि। यह आकृति अकेले उत्तर प्रदेश के बजट में इन क्षेत्रों को दी गई सबसे बड़ी प्राथमिकताओं में से एक है, जिससे गोरखपुर को टेक्सटाइल हब के रूप में विकसित करने का मार्ग आसान होगा।

यह निवेश विशेष रूप से ‘एक जनपद-एक उत्पाद’ (ODOP) पहल के तहत किया गया है, जिसका लक्ष्य गोरखपुर को रेडीमेड वस्त्र और अन्य कपड़ा उत्पादन का प्रमुख केंद्र बनाना है। राज्य सरकार का मानना है कि इससे न केवल स्थानीय उद्योगों को प्रतिस्पर्धात्मक बढ़त मिलेगी, बल्कि रोजगार सृजन और निवेश में भी वृद्धि होगी।

खास प्रावधान और विस्तृत घोषणाएं

₹5,041 करोड़ आवंटन:बजट में टेक्सटाइल और हथकरघा के लिए पांच गुना अधिक धनराशि शामिल की गई है। इसका उद्देश्य उत्पादन लागत को कम करना, शक्ति सहायता देना और उद्योगों को प्रतिस्पर्धी बनाना है।

गोरखपुर में केंद्रों का आधुनिकीकरण:गोरखपुर के खजनी क्षेत्र में कंबल उत्पादन केंद्र के आधुनिकीकरण हेतु ₹7.5 करोड़ और माटी कला बोर्ड के कार्यक्रम के तहत पारंपरिक कुम्हारों के विकास के लिए ₹13 करोड़ का प्रावधान किया गया है। यह कदम स्थानीय उत्पादकों की क्षमता बढ़ाने के लिए है।

रोजगार के नए अवसर:बजट में उपायों के माध्यम से रोजगार के अवसरों को बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है जो क्षेत्र के आर्थिक विकास को गतिशील बनाएगा। इस क्षेत्र में नई इकाइयों और उत्पादन सुविधाओं के विस्तार से हजारों लोगों को काम मिलेगा।

ODOP के तहत औद्योगिक पहचान:गोरखपुर के लिए टेक्सटाइल हब के रूप में पहचान देने से पूर्वांचल क्षेत्र में आर्थिक गतिविधियों को गति मिलेगी। इससे न केवल सूत, वस्त्र निर्माण और तैयार-माल की इकाइयों का विस्तार होगा, बल्कि बुनकरों और कारीगरों को भी सशक्त बनाया जाएगा।

आगे की राह और उम्मीदें

विशेषज्ञों का कहना है कि इस बड़े आवंटन के साथ UP टेक्सटाइल उद्योग को मॉडर्न टेक्नोलॉजी, बेहतर उत्पादन बुनियादी ढांचे, और वैश्विक बाजारों में निर्यात क्षमता विकसित करने का अवसर मिलेगा। उद्योग विश्लेषकों के अनुसार, गोरखपुर जैसे शहरों का केंद्र बनना पूर्वांचल एवं उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था के लिए एक नया विकास इंजन साबित हो सकता है।

राज्य सरकार ने यह भी संकेत दिया है कि टेक्सटाइल सेक्टर को बढ़ाने के लिए अन्य पहलें और निवेश आकर्षक कार्यक्रम भी लाए जाएंगे, जिससे MSMEs और स्थानीय कारीगरों को निरंतर समर्थन मिलेगा।

01:05 PM, Feb 14

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